इतनी सी बात
इतनी सी बात फिर
दोहराने को जी चाहता है,
आंखे हो गई है नम
अब तु क्यू सताता है?
गलतियों से सीख गए
अब दोहराए तो डांट देना,
इतना गुस्सा कर के
अब तु क्यू रुलाता है?
दोहराने को जी चाहता है,
आंखे हो गई है नम
अब तु क्यू सताता है?
गलतियों से सीख गए
अब दोहराए तो डांट देना,
इतना गुस्सा कर के
अब तु क्यू रुलाता है?
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